गया। प्राचार्य गया कॉलेज गया प्रोफेसर सतीश सिंह चंद्र के दिशा निर्देश पर शिक्षाशास्त्र विभाग गया कॉलेज गया के बीएड प्रशिक्षुओं द्वारा चलाए जा रहे हैं इंटर्नशिप कार्यक्रम के तहत शुक्रवार को जीएस एम प्लस टू कन्या विद्यालय में पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन किया गया जिसमें बतौर और मुख्य अतिथि विभाग अध्यक्ष शिक्षाशास्त्र विभाग डॉक्टर धनंजय धीरज ने कहा कि विकसित राष्ट्र का मार्ग भारतीय कक्षाओं से होकर ही प्रशस्त होता है और विकसित राष्ट्र के निर्माण के सूत्रधार शिक्षक ही हैं। भावी शिक्षकों को संबोधित करते हुए डॉक्टर धीरज ने कहा की शिक्षक समुदाय के कंधों पर राष्ट्र के नव निर्माण की बड़ी जिम्मेदारी है प्रत्येक विद्यार्थी अपने आप में विशिष्ट है और उसमें एक अलग प्रतिभा है आवश्यकता इस बात की है,कि शिक्षक उसकी प्रतिभा को पहचाने उसका पथ प्रदर्शन करें उसका मार्गदर्शन करें और उसको उसके सपनों तक पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि कक्षा कक्ष शिक्षण में पाठ सहायक सामग्री एवं शिक्षण कौशलों की सहायता से अधिगम की प्रक्रिया को रोचक एवं गुणवत्तापूर्ण बनाया जा सकता है। शिक्षण अधिगम के क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा एक बहुत बड़ी चुनौती है और इस चुनौती को पाटने में शिक्षकों की भूमिका अहम है।


आवश्यकता इस बात की है कि पठन-पाठन से पूर्व नियमित रूप से पाठ योजना का निर्माण पाठ सहायक सामग्री का निर्माण एवं शिक्षण रणनीति तथा शिक्षण कौशलों के माध्यम से उस प्रकरण को विद्यार्थियों के मानस पटल तक पहुंचाना संप्रेषण कौशलों पर बल देते हुए उन्होंने कहा कि शिक्षक का सबसे बड़ा शस्त्र संप्रेषण है विद्यार्थियों के साथ उसी भाषा में संप्रेषण करना है जो भाषा विद्यार्थियों को सरलता से व सहजता से ग्रह हो राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020-20 की चर्चा करते उन्होंने कहा कि प्रारंभिक शिक्षा को मातृभाषा में ही प्रदान किया जाना चाहिए मौके पर विद्यालय की प्रधानाध्यापिका डॉक्टर रेखा कुमारी ने बीएड प्रशिक्षुओं की जमकर तारीफ की और उन्होंने कहा कि शिक्षण अधिगम से लेकर विभिन्न सह शैक्षणिक गतिविधियों के आयोजन में भी गया कॉलेज के प्रशिक्षुओं की भूमिका सराहनीय है मौके पर इंटर्नशिप कोऑर्डिनेटर शिक्षाशास्त्र विभाग की सहायक प्राध्यापक डॉक्टर रानी नीना प्रियदर्शनी खेलकूद शिक्षक विदुषी सहित शिक्षाशास्त्र विभाग के प्रशिक्षु एवं विद्यालय की बालिकाएं उपस्थित थी

