नई दिल्ली, 6 अक्टूबर 2025। देश की सर्वोच्च अदालत में सोमवार को एक चौंकाने वाली घटना हुई जब एक वकील राकेश किशोर ने भारत के प्रधान न्यायाधीश (CJI) बी. आर. गवई पर जूता फेंकने की कोशिश की। हालांकि, सुरक्षा कर्मियों की तत्परता से वह जूता सीजेआई तक नहीं पहुंच पाया और आरोपी वकील को तुरंत हिरासत में ले लिया गया।
🧑⚖️ CJI ने दिखाया अद्भुत संयम, बिना रुके जारी रखी सुनवाई
घटना के बावजूद CJI बीआर गवई ने अद्भुत संयम दिखाते हुए न तो कोर्ट की कार्यवाही रोकी और न ही कोई प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, “इससे मुझ पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता।”उन्होंने वकीलों को निर्देश दिया कि वे अपनी बहस बिना रुकावट जारी रखें।
🚨 आरोपी वकील तत्काल निलंबित
बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) ने आरोपी वकील राकेश किशोर के खिलाफ तत्काल प्रभाव से निलंबन का आदेश जारी किया है।BCI अध्यक्ष मनन कुमार मिश्रा ने कहा कि वकील का आचरण अदालत की गरिमा के विपरीत है। साथ ही कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है, जिसका जवाब 15 दिनों के भीतर देना होगा।निलंबन की अवधि में राकेश किशोर देश की किसी भी अदालत या ट्रिब्यूनल में पेश नहीं हो सकेंगे।
🧳 कोर्ट में क्या हुआ था?
प्रत्यक्षदर्शी वकील अनस तनवीर के मुताबिक, आरोपी वकील वकीलों की ड्रेस में था, हाथ में एक काला बैग और कुछ कागजात थे। मेंशनिंग खत्म होने के बाद जब पहला केस सुना जा रहा था, तभी उसने जूता निकालकर सीजेआई की ओर उछाल दिया।उसे तुरंत सुरक्षा कर्मियों ने काबू कर लिया। जब उसे बाहर ले जाया जा रहा था, वह चिल्ला रहा था — “सनातन का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तान।”
⚖️ बार एसोसिएशन और एडवोकेट ऑन रिकॉर्ड एसोसिएशन ने की निंदा
सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन (SCBA) और सुप्रीम कोर्ट एडवोकेट ऑन रिकॉर्ड एसोसिएशन (SCAORA) ने इस घटना की कड़ी निंदा की है।SCBA ने कहा कि “बार और बेंच न्याय व्यवस्था के दो पवित्र स्तंभ हैं, और इस तरह की हरकतें न केवल इस संस्था को बल्कि पूरे न्यायिक तंत्र को कमजोर करती हैं।”वहीं SCAORA ने अदालत से इस मामले में अवमानना की कार्रवाई शुरू करने की मांग की है।
🏛️ न्यायिक गरिमा पर हमला
यह घटना सुबह लगभग 11:35 बजे सुप्रीम कोर्ट की कोर्ट नंबर-1 में हुई, जब CJI बीआर गवई की पीठ सुनवाई कर रही थी।बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने इसे “न्यायपालिका की गरिमा पर हमला” बताया है और कहा है कि ऐसे कृत्य बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे।
🔍 पुलिस शिकायत अभी दर्ज नहीं
फिलहाल, इस घटना के संबंध में पुलिस में कोई औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं की गई है। लेकिन अदालत और बार काउंसिल स्तर पर अनुशासनात्मक कार्रवाई जारी है।
📌 मुख्य तथ्य एक नज़र में
घटना: सुप्रीम कोर्ट में वकील ने CJI पर जूता फेंका
आरोपी: वकील राकेश किशोर
कार्रवाई: बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने तत्काल निलंबित किया
प्रतिक्रिया: CJI ने बिना विचलित हुए सुनवाई जारी रखी
बयान: आरोपी चिल्लाया – “सनातन का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तान”
पुलिस कार्रवाई: अब तक कोई FIR नहीं
🏷️ #सुप्रीमकोर्ट #CJIबीआरगवई #राकेशकिशोर #बारकाउंसिल #भारतकीन्यायपालिका #CourtNews #BreakingNews #Judiciary #SupremeCourtOfIndia #BCI #DelhiNews
🧑⚖️ CJI ने दिखाया अद्भुत संयम, बिना रुके जारी रखी सुनवाई
घटना के बावजूद CJI बीआर गवई ने अद्भुत संयम दिखाते हुए न तो कोर्ट की कार्यवाही रोकी और न ही कोई प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, “इससे मुझ पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता।”उन्होंने वकीलों को निर्देश दिया कि वे अपनी बहस बिना रुकावट जारी रखें।
🚨 आरोपी वकील तत्काल निलंबित
बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) ने आरोपी वकील राकेश किशोर के खिलाफ तत्काल प्रभाव से निलंबन का आदेश जारी किया है।BCI अध्यक्ष मनन कुमार मिश्रा ने कहा कि वकील का आचरण अदालत की गरिमा के विपरीत है। साथ ही कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है, जिसका जवाब 15 दिनों के भीतर देना होगा।निलंबन की अवधि में राकेश किशोर देश की किसी भी अदालत या ट्रिब्यूनल में पेश नहीं हो सकेंगे।
🧳 कोर्ट में क्या हुआ था?
प्रत्यक्षदर्शी वकील अनस तनवीर के मुताबिक, आरोपी वकील वकीलों की ड्रेस में था, हाथ में एक काला बैग और कुछ कागजात थे। मेंशनिंग खत्म होने के बाद जब पहला केस सुना जा रहा था, तभी उसने जूता निकालकर सीजेआई की ओर उछाल दिया।उसे तुरंत सुरक्षा कर्मियों ने काबू कर लिया। जब उसे बाहर ले जाया जा रहा था, वह चिल्ला रहा था — “सनातन का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तान।”
⚖️ बार एसोसिएशन और एडवोकेट ऑन रिकॉर्ड एसोसिएशन ने की निंदा
सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन (SCBA) और सुप्रीम कोर्ट एडवोकेट ऑन रिकॉर्ड एसोसिएशन (SCAORA) ने इस घटना की कड़ी निंदा की है।SCBA ने कहा कि “बार और बेंच न्याय व्यवस्था के दो पवित्र स्तंभ हैं, और इस तरह की हरकतें न केवल इस संस्था को बल्कि पूरे न्यायिक तंत्र को कमजोर करती हैं।”वहीं SCAORA ने अदालत से इस मामले में अवमानना की कार्रवाई शुरू करने की मांग की है।
🏛️ न्यायिक गरिमा पर हमला
यह घटना सुबह लगभग 11:35 बजे सुप्रीम कोर्ट की कोर्ट नंबर-1 में हुई, जब CJI बीआर गवई की पीठ सुनवाई कर रही थी।बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने इसे “न्यायपालिका की गरिमा पर हमला” बताया है और कहा है कि ऐसे कृत्य बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे।
🔍 पुलिस शिकायत अभी दर्ज नहीं
फिलहाल, इस घटना के संबंध में पुलिस में कोई औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं की गई है। लेकिन अदालत और बार काउंसिल स्तर पर अनुशासनात्मक कार्रवाई जारी है।
📌 मुख्य तथ्य एक नज़र में
घटना: सुप्रीम कोर्ट में वकील ने CJI पर जूता फेंका
आरोपी: वकील राकेश किशोर
कार्रवाई: बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने तत्काल निलंबित किया
प्रतिक्रिया: CJI ने बिना विचलित हुए सुनवाई जारी रखी
बयान: आरोपी चिल्लाया – “सनातन का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तान”
पुलिस कार्रवाई: अब तक कोई FIR नहीं
🏷️ #सुप्रीमकोर्ट #CJIबीआरगवई #राकेशकिशोर #बारकाउंसिल #भारतकीन्यायपालिका #CourtNews #BreakingNews #Judiciary #SupremeCourtOfIndia #BCI #DelhiNews